विशेष किशोर पुलिस इकाई की मासिक समीक्षा बैठक आयोजित

विशेष किशोर पुलिस इकाई की मासिक समीक्षा बैठक आयोजित

 देवरिया। पुलिस लाइन स्थित प्रेक्षागृह में आज विशेष किशोर पुलिस इकाई एसजेपीयू की मासिक समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता क्षेत्राधिकारी नगर संजय कुमार रेड्डी ने की, जबकि कार्यक्रम का संचालन संरक्षण अधिकारी एवं जिला बाल संरक्षण इकाई के प्रभारी जय प्रकाश तिवारी द्वारा किया गया।

        बैठक में क्षेत्राधिकारी नगर ने विशेष किशोर पुलिस इकाई के कर्तव्यों एवं दायित्वों के संबंध में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने किशोर न्याय अधिनियम के अनुरूप कार्य करने पर बल देते हुए सभी थानों में पृथक रजिस्टर एवं आँकड़ों के संधारण हेतु बाल मैत्री पंजिका बनाए जाने के निर्देश दिए।

        संरक्षण अधिकारी जय प्रकाश तिवारी ने बैठक में अपर पुलिस महानिदेशक गोरखपुर जोन द्वारा निर्गत निर्देशों के अनुपालन की समीक्षा की। उन्होंने पुलिस अधीक्षक देवरिया द्वारा प्रेषित आदेशों के आलोक में विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा की, जिनमें बाल विवाह के मामलों में त्वरित कार्रवाई, बाल संरक्षण इकाइयों से समन्वय, बाल कल्याण समिति एवं न्यायालय को समयबद्ध सूचना प्रेषण, बाल मैत्रीपूर्ण व्यवहार, विधिक सहायता की व्यवस्था एवं जिला टास्क फोर्स के साथ सहयोग प्रमुख रहे।

         बैठक में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा संचालित साथी कैंपेन की भी समीक्षा की गई। सभी थानों के बाल कल्याण पुलिस अधिकारियों से अपेक्षा की गई कि वे अपने क्षेत्र में निराश्रित बच्चों की पहचान करें, विशेष रूप से जिनका आधार कार्ड नहीं बना है, उनका सर्वे कर निर्धारित प्रारूप में सूची उपलब्ध कराएं। साथ ही, जिले में किसी भी परिस्थिति में बाल विवाह न होने देने के लिए सभी बाल संरक्षण हितधारकों से सामंजस्य बनाकर कार्य करने का आह्वान किया गया।

       कार्यक्रम में बाल कल्याण समिति के सदस्य डॉ. विरेंद्र मणि त्रिपाठी ने समिति के कार्यों एवं पाक्सो एक्ट से संबंधित महत्वपूर्ण बिंदुओं पर प्रकाश डाला। थाना एएचटीयू के प्रभारी डी.के. मिश्रा ने एसजेपीयू की भूमिका पर चर्चा करते हुए पुलिस कर्मियों से बच्चों के प्रति चाइल्ड फ्रेंडली व्यवहार अपनाने और समय से बैठक में भाग लेने पर बल दिया।

       वहीं, दीपक कुमार त्रिपाठी, चीफ लीगल डिफेंस काउंसिल, देवरिया ने उपस्थित अधिकारियों को अवगत कराया कि पाक्सो से संबंधित मामलों में पीड़िताओं को नि:शुल्क विधिक सहायता उपलब्ध कराने के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण से संपर्क किया जा सकता है।

         बैठक में अनिल कुमार सोनकर, जिला परिवीक्षा अधिकारी, संजय गुप्ता, नोडल मेडिकल अधिकारी, दिनेश कुमार, श्रम प्रवर्तन अधिकारी, प्रमिला गुप्ता, सदस्य किशोर न्याय बोर्ड, नीतू भारती, प्रबंधक वन स्टॉप सेंटर, मीनू जायसवाल, मनोवैज्ञानिक, अनुराधा राज, प्रभारी समन्वयक चाइल्ड हेल्पलाइन सहित विभिन्न थानों के बाल कल्याण पुलिस अधिकारी उपस्थित रहे।