सीएम डैशबोर्ड की डीएम ने की समीक्षा, सी एवं डी श्रेणी वाले विभागों को रैंकिंग सुधारने के भी दिए निर्देश 

सीएम डैशबोर्ड की डीएम ने की समीक्षा, सी एवं डी श्रेणी वाले विभागों को रैंकिंग सुधारने के भी दिए निर्देश 

सीएम डैशबोर्ड की डीएम ने की समीक्षा, सी एवं डी श्रेणी वाले विभागों को रैंकिंग सुधारने के भी दिए निर्देश 

 देवरिया। जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी ने गुरुवार को गूगल मीट के माध्यम से मुख्यमंत्री डैशबोर्ड से जुड़े राजस्व, विकास एवं अन्य विभागों की योजनाओं और कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा की। वर्चुअल बैठक में सभी जिला स्तरीय अधिकारी एवं संबंधित विभागों के अधिकारी जुड़े रहे।

         समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने अधिकारियों को मुख्यमंत्री डैशबोर्ड पर विभागीय रैंकिंग में सुधार लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिन विभागों की लापरवाही से जनपद की रैंकिंग प्रभावित होगी, संबंधित अधिकारियों को चिन्हित कर उनके विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने विशेष रूप से सी एवं डी श्रेणी में शामिल विभागों को कार्ययोजना बनाकर शीघ्र ए एवं बी श्रेणी में आने के लिए प्रभावी प्रयास करने के निर्देश दिए।

            बैठक में मुख्यमंत्री डैशबोर्ड के प्रमुख प्रदर्शन संकेतकों (केपीआई), विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति तथा विभागवार उपलब्धियों की समीक्षा की गई। निर्माण कार्यों, सेतु परियोजनाओं एवं राइट ऑफ वे (Right of Way) से संबंधित कार्यों की प्रगति का भी मूल्यांकन करते हुए निर्धारित समय सीमा में सभी परियोजनाएं पूर्ण कराने के निर्देश दिए गए।

           जिलाधिकारी ने लाभार्थीपरक योजनाओं, लंबित आवेदनों तथा मुख्यमंत्री किसान दुर्घटना कल्याण योजना की समीक्षा करते हुए पात्र लाभार्थियों तक समयबद्ध लाभ पहुंचाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में बैंकों की भूमिका महत्वपूर्ण है, इसलिए धनराशि वितरण में किसी प्रकार की देरी नहीं होनी चाहिए।

         बैठक में जिलाधिकारी ने राजस्व वसूली, आरसी (रिकवरी सर्टिफिकेट) प्रकरणों तथा न्यायालयों में लंबित मामलों की भी समीक्षा की। खनन विभाग द्वारा चेकगेटों से जुर्माने की वसूली की प्रगति पर चर्चा करते हुए शेष वसूली में तेजी लाने के निर्देश दिए। 

          जिलाधिकारी ने स्वामित्व योजना सहित विभिन्न विभागीय योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए सभी अधिकारियों को समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण एवं परिणामपरक कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) को मॉनिटरिंग से संबंधित आंकड़ों एवं प्रदर्शन संकेतकों का शीघ्र सत्यापन सुनिश्चित कराने के निर्देश भी दिए।